सुपौल। दुर्गा पूजा के मद्देनजर नाबालिग बच्चियों की सुरक्षा और उनके शोषण पर रोक लगाने के लिए सुपौल पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में ऑर्केस्ट्रा संचालकों और संबंधित ठिकानों पर छापेमारी कर पुलिस ने 10 नाबालिग बालिकाओं को मुक्त कराया है। इस कार्रवाई में कुल 16 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस की इस कार्रवाई से ऑर्केस्ट्रा संचालकों और इससे जुड़े लोगों में हड़कंप मच गया है।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस अधीक्षक शरथ आर. एस. के निर्देश पर डीएसपी विशेष अपराध सह साइबर पुलिस उपाधीक्षक गौरव गुप्ता के नेतृत्व में एएचटीयू, एसजेपीयू और महिला थाना की संयुक्त टीम ने अभियान चलाया। पुलिस को सूचना मिली थी कि जिले के विभिन्न ऑर्केस्ट्रा ठिकानों पर नाबालिग बालिकाओं से काम कराया जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी कर बच्चियों को मुक्त कराया और आरोपियों को गिरफ्तार किया।

छपरा, सिवान और सुपौल के आरोपी शामिल

गिरफ्तार आरोपियों में छपरा जिले के जितेंद्र कुमार, विवेक कुमार, सुधांशु कुमार और इमाम अंसारी, सुपौल जिले के सोनू कुमार तथा राजेश मेहता उर्फ राजेश जी और सिवान जिले के विकास कुमार के नाम शामिल हैं। पुलिस विज्ञप्ति में नौ अन्य महिलाओं की गिरफ्तारी का भी उल्लेख किया गया है। इस प्रकार कुल 16 आरोपियों की गिरफ्तारी की जानकारी दी गई है।

महिला थाना में प्राथमिकी दर्ज

मामले में महिला थाना में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। मुक्त कराई गई बच्चियों की पारिवारिक पृष्ठभूमि का सत्यापन कराया जा रहा है। वहीं, गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया जारी है। पुलिस इस मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता की भी जांच कर रही है।

आगे भी जारी रहेगा अभियान

एसपी शरथ आर. एस. ने स्पष्ट किया है कि नाबालिग बच्चियों को शोषण से बचाने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस का अभियान आगे भी जारी रहेगा। दुर्गा पूजा के दौरान ऐसे ठिकानों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी। किसी भी स्थान पर नाबालिगों के शोषण या उनसे अवैध रूप से काम कराने की सूचना मिलने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

सुपौल पुलिस की इस कार्रवाई को नाबालिग बच्चियों की सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।